January 15, 2026
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सीबीआई का बड़ा साइबर प्रहार: अमेरिकी नागरिकों से करोड़ों की ठगी करने वाला अंतरराष्ट्रीय गिरोह ध्वस्त

  • December 13, 2025
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नई दिल्ली | रिधि दर्पण हरि सिंह रावत अंतरराष्ट्रीय साइबर अपराध के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने अमेरिकी नागरिकों को निशाना बनाकर करोड़ों रुपये

नई दिल्ली | रिधि दर्पण हरि सिंह रावत

अंतरराष्ट्रीय साइबर अपराध के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने अमेरिकी नागरिकों को निशाना बनाकर करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले एक संगठित साइबर गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस कार्रवाई में करीब 1.88 करोड़ रुपये नकद, बड़ी संख्या में इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए गए हैं, जबकि छह आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।

CBI के अनुसार, यह साइबर सिंडिकेट पिछले कई वर्षों से अमेरिका के नागरिकों को ठगने में सक्रिय था। गिरोह के सदस्य खुद को FBI, DEA और सोशल सिक्योरिटी एडमिनिस्ट्रेशन (SSA) जैसे अमेरिकी सरकारी एजेंसियों का अधिकारी बताकर लोगों को डराते थे। वे पीड़ितों को यह झांसा देते थे कि उनके सोशल सिक्योरिटी नंबर (SSN) मनी लॉन्ड्रिंग और ड्रग तस्करी में इस्तेमाल हो रहे हैं, और तुरंत पैसे न देने पर उनकी सभी संपत्तियां फ्रीज कर दी जाएंगी।

डर और धोखे से करोड़ों की उगाही

जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने डर का माहौल बनाकर पीड़ितों से करीब 8.5 मिलियन डॉलर (लगभग 70 करोड़ रुपये से अधिक) की ठगी की। यह रकम क्रिप्टोकरेंसी वॉलेट्स और विदेशी बैंक खातों के जरिए इधर-उधर की गई।

दिल्ली-नोएडा-कोलकाता में छापेमारी

CBI ने 10 और 11 दिसंबर को दिल्ली, नोएडा और कोलकाता में एक साथ छापेमारी कर इस नेटवर्क की कमर तोड़ दी। कार्रवाई के दौरान अवैध कॉल सेंटर का भंडाफोड़ किया गया, जहां से मोबाइल फोन, लैपटॉप, हार्ड डिस्क, पेन ड्राइव और आपत्तिजनक दस्तावेज बरामद हुए।

फर्जी नामों से चल रहा था नेटवर्क

जांच एजेंसी के मुताबिक, आरोपी फर्जी नामों और पहचान का इस्तेमाल कर रहे थे। गिरोह के सदस्य अलग-अलग देशों में बैठे सहयोगियों के संपर्क में थे और पूरी ठगी एक सुनियोजित तरीके से अंजाम दी जा रही थी।

CBI अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई ट्रांसनेशनल साइबर क्राइम के खिलाफ भारत की सख्त नीति का स्पष्ट संदेश है। मामले की जांच जारी है और आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां संभव हैं।

विशेषज्ञों की सलाह:
एजेंसियों ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान कॉल पर निजी जानकारी साझा न करें और सरकारी एजेंसियों के नाम पर आने वाली धमकियों से सतर्क रहें।

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